आदेश्‍ा के बाद भी नहीं मिल रही पर्याप्त बिजली

Not enough electricity after getting the order
कई ग्रामीण क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति व्यवस्था पूरी तरह से लड़खड़ा गई है। सरकार की ओर से 18 घंटे आपूर्ति के आदेश के बाद भी किसी गांव में पांच से छह तो किसी में आठ से दस घंटे ही बिजली मिल रही है। इस वजह से ग्रामीणों को तरह-तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उनका कहना है कि बेतहाशा कटौती कर विभाग सरकार के आदेश की हंसी उड़ा रहा है।
प्रदेश सरकार की तरफ सेे जिला मुख्यालय को 24, तहसील मुख्यालय को 20 ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का फरमान जारी किया गया था। इस फरमान का असर तत्काल जिला मुख्यालय पर दिखाई देने लगा, लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में यह आदेश बेअसर साबित हुआ। बेतहाशा कटौती होती रही। एक सप्ताह से दिलदारनगर, सुहवल, बहरियाबाद, मुहम्मदाबाद आदि ग्रामीण क्षेत्रों में पर्याप्त बिजली आपूर्ति की जा रही है, लेकिन जिले के कई ग्रामीण इलाकों में आपूर्ति भगवान भरोसे है। किसी गांव में छह से आठ तो किसी में दस से बारह घंटे आपूर्ति की जा रही है।दुल्लहपुर संवाददाता के अनुसार क्षेत्र में 24 घंटे में दस से 12 घंटे बिजली मिल रही है। दिन की कटौती तो लोगों को कम खल रही है, लेकिन रात में बिजली कटौती होने से लोग चैन की नींद नहीं सो पा रहे हैं।
नंदगंज संवाददाता के अनुसार रात-दिन मिलाकर 11 से 12 घंटे ही बिजली मिल रही है।

इससे लोगों को तरह-तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मरदह संवाददाता के अनुसार प्रदेश सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति के आदेश का असर इस क्षेत्र में नहीं दिखाई दे रहा है। 24 घंटे में आठ से दस घंटे ही लोगों को बिजली का  दर्शन हो रहा है। इससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बिजली रह रही है तो लो-वोल्टेज की वजह से लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है।कासिमाबाद संवाददाता के अनुसार रात-दिन मिलाकर 12 घंटे बिजली आपूर्ति हो रही है। इससे उपभोक्ताओं को तरह-तरह की दिक्कतें झेलनी पड़ रही है।

जमानिया संवाददाता के अनुसार प्रदेश सरकार की ओर से तहसील मुख्यालयों को 20 घंटे बिजली आपूर्ति के आदेश का पालन विभाग नहीं कर रहा है। रात-दिन मिलाकर उपभोक्ताओं को बारह से तेरह घंटा ही बिजली मिल रही है।